
खबर सागर
श्रीनगर को जिला बनाए जाने की मांग की वकालत
प्रदेश में सात नए जिलों के बनने की सुगबुगाहट के बीच श्रीनगर को जिला बनाए जाने की मांग उठने लगी है।
इस मामले में पूर्व पालिका अध्यक्ष मोहन लाल जैन ने पत्रकार वार्ता कर श्रीनगर, कीर्तिनगर व देवप्रयाग तहसील को मिलाकर श्रीनगर को नया जिला बनाए जाने की वकालत की है।
पत्रकारों से बातचीत में जैन ने कहा कि श्रीनगर में वर्तमान में नगर निगम, देवप्रयाग में नगर पालिका व कीर्तिनगर में नगर पंचायत है। यदि श्रीनगर जिला बनता है तो खिसूं को उप तहसील के रूप में विकसित किया जा सकता है।
जिला बनाने के लिए देवप्रयाग, कीर्तिनगर व श्रीनगर में जमीन की कमी नहीं है। जिला बनाना सरकार के क्षेत्राधिकार में है, इसके लिए यहां से चुने गए जनप्रतिनिधियों को पहल करने की आवश्यकता है।
पत्रकारों से बातचीत में पूर्व पालिका अध्यक्ष मोहन लाल जैन ने कहा कि वर्ष 2010 में जीवीके कंपनी द्वारा श्रीनगर के सौंदर्गीकरण कार्यों का शिलान्यास कराया गया था।
जिसके तहत करीब नौ करोड़ की लागत से यहां मंदिर, शहीद पार्क बनना प्रस्तावित था। उन्होंने कहा कि इसके लिए जीवीके ने नौ लाख का बजट भी खर्च किया गया।
लेकिन उसके बाद यह योजना फाइलों में कैद हो गई। उन्होंने कहा कि श्रीनगर जल विद्युत परियोजना की कार्यदाई जीवीके कंपनी अपने इस प्रस्ताव पर कार्य करे। जिससे यहां के लोगों को इसका लाभ मिल सके।



