
- खबर सागर
पुरानी पेंशन बहाली को लेकर राजधानी देहरादून में गरजा संयुक्त मोर्चा
राष्ट्रीय पुरानी पेंशन बहाली की मांग को लेकर आज राजधानी देहरादून में जन आक्रोश देखने को मिला। राष्ट्रीय पुरानी पेंशन की बहाली को लेकर संयुक्त मोर्चा के आह्वान पर –चलो देहरादून – पेंशन शंखनाद महारैली” में प्रदेश के कोने-कोने से हजारों शिक्षक, कर्मचारी और अधिकारी परेड ग्राउंड में जुटे।
राजधानी देहरादून में जौनपुर, टिहरी, उत्तरकाशी, पौड़ी, चमोली, पिथौरागढ़, अल्मोड़ा से बसों और निजी वाहनों से कर्मचारियों का आना जारी रहा। हाथों में तख्तियां, जिस पर लिखा था । हमें चाहिए सम्मान, पुरानी पेंशन हमारा अधिकार है, जिसको लेकर कर्मचारियों ने सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन कर शीघ्र ही पुरानी पेंशन लागू कि मांग की है।
राष्टीय संयुक्त मोर्चा संगठन के अध्यक्ष पी.पी सिंह रावत ने कहा कि एनपीएस जिसमें बुढ़ापे की कोई गारंटी नहीं है। एक कर्मचारी 30-35 साल देश की सेवा करता है, तो बुढ़ापे में सम्मानजनक पेंशन पाना उसका हक है। उन्होंने कहा कि कई राज्यों में पुरानी पेंशन बहाल हो चुकी है, तो उत्तराखंड में क्यों नहीं ।
प्रदर्शनकारियों ने प्रदेश के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के सलाहकार (ओएसडी ) के माध्यम से ज्ञापन सौंपा । और चेतावनी दी कि यदि जल्द मांग नहीं मानी गई तो आने वाले विधानसभा चुनाव में कर्मचारी वोट की चोट से जवाब देगा।
रैली में भारी पुलिस बल तैनात के साथ काफी धक्का मुक्की व नोक जोख के चलते प्रदर्शन पूरी तरह शांतिपूर्ण रहा।
इस मौके पर संयोजक सीताराम प्रदेश अध्यक्ष बिक्रम सिह रावत, प्रदेश कार्यकारणी के पूर्ण सिंह फर्सावाण, श्रीमती रनीता विश्वकर्मा प्रांतीय अध्यक्ष, श्रीमती सूधा पाण्डे,अजीत सिंह नेगी, जौनपुर के अध्यक्ष विनय पंवार, दिनेश नेगी, राजेन्द्र सिह आदि उपस्थित रहे ।



