
खबर सागर
गाड़ू घड़ा बद्रीनाथ धाम के लिए हर्ष उल्लास के साथ हुआ रवाना
जोशीमठ से शंकराचार्य की गद्दी जोशीमठ नृसिंह मंदिर में वैदिक पूजा संपन्न होने के बाद शंकराचार्य की प्राचीन गद्दी बदरीनाथ के मुख्य पुजारी रावल की अगुवाई में बदरीपुरी के लिए रवाना हो गई है।
इसके साथ ही गाड़ू घड़ा भी बदरीनाथ के लिए रवाना हो गया है। गद्दी और रावल आज पांडुकेश्वर में रात्रि विश्राम करेंगे।
श्री बदरीनाथ धाम के कपाट चार मई को 6 बजे खोले जाएंगे।
रावल के सानिध्य में धर्माधिकारी और मंदिर के पुजारियों ने हक हकूकधारियों की मौजूदगी में सबसे पहले प्रवेश द्वार पर गणेश पूजन किया।
जिसके बाद पंचांग पूजन, नवगृह पूजन, खोली पूजन, नृसिंह, नव दुर्गा, वासुदेव, गरुड़ की वैदिक पूजाएं मंत्रोचार के साथ की गईं।



